मंगलवार, 2 अक्तूबर 2012

ग़ज़ल

मत भला कीजिये सोचिये तो सही! 
दिल बड़ा कीजिये सोचिये तो सही!!
मन दुखाया किसी ने अगर भूल से!
मत क्षमा कीजिये सोचिये तो सही!!
साथ चलना मेरे फर्ज है आपका!
मत अदा कीजिये सोचिये तो सही!! 
नरम है दिल बहुत ए मेरी दिलरुबा!
मत वफ़ा कीजिये सोचिये तो सही!!
दम घुटा जा रहा साँस थमने लगी!
मत दवा कीजिये सोचिये तो सही!!
"पाल" की बात सुनकर मेरे यार तुम! 
मत हंसा कीजिये सोचिये तो सही!!

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